*मामले मे जाँच परिकिर्या आगे बढ़ाने के लिये पुलिस ने माँगा 14 दिनों का रिमांड आठ दिनों की रिमांड पर अदालत ने लगाई मुहर…*
*पिता सकिल अहमद थे तृणमूल अल्पसंख्यक संघ के राज्य स्तरीय नेता…*
आसनसोल, पश्चिम बंगाल आसनसोल रेलपार के जाहंगिरी मोहल्ला इलाके के रहने वाले तृणमूल अल्पसंख्यक संघ के राज्य स्तरीय नेता सकिल अहमद के बेटे तहसीन अहमद ने मासा अल्लाह स्कीम चलाकर राज्य के तीन हजार लोगों से करीब 350 करोड़ रुपए की ठगी की है, ठगी की घटना को अंजाम देने के बाद तहसीन अंडर ग्राउंड हो गया था और वह कहीं भागने के फिराक मे था, जिसकी भनक आसनसोल नॉर्थ थाना पुलिस को लग गई और पुलिस ने कोलकाता से दिल्ली जाने वाली राष्ट्रीय राज्य मार्ग स्थित आरोपी तहसीन को चंद्रचूर मंदिर के पास से भारी मात्रा मे सोने के गहने के साथ गिरफ्तार कर लिया, जिसको आज यानि की रविवार को पुलिस आसनसोल अदालत मे पेश की पेशी के बाद अदालत मे चली मामले की सुनवाई के बाद पुलिस ने आरोपी तहसीन अहमद की 14 दिनों की रिमांड मांगी थी, वहीं अदालत ने आठ दिनों की रिमांड दी, रिमांड के बाद पुलिस आरोपी तहसीन को अपने साथ ले गई और मामले की जाँच मे जुट गई, आरोपी तहसीन अहमद के वकील की अगर माने तो 54 लाख रुपए का मामला दर्ज करवाया गया था, जिसमे से पार्टी को ऑन रिकॉर्ड दस लाख और ऑफ रिकॉर्ड एक बार 9 लाख दूसरी बार 10 लाख रुपए दिए हैं, यानि की मामला दर्ज करवाने वाले ने 54 लाख मे से आधे पैसे ले लिए हैं, बाकि के पैसे उनको कैसे मिलेंगे उसको लेकर बात हो रही है और मामले के आरोपी ने यह कभी नही कहा की वह पैसा वापस नही देगा, वह पैसा वापस जरूर देगा, क्योंकि शेयर मार्केट मे लगाए गए पैसे घटते बढ़ते रहते हैं, थोड़ा समय लगेगा सबका पैसा वापस मिल जाएगा,
हम बताते चलें की तहसीन अपने घर मे एकस्प डेवलपर प्राइवेट लिमिटेड कंपनी खोलकर बैठा था और इस कंपनी के आड़ मे मासा अल्लाह नाम से एक स्कीम चला रहा था, जिस स्कीम मे वह एक लाख रुपए इन्वेस्ट करने वाले ग्राहक को 21 महीने तक 9 हजार रुपए देता था, जबकि दो लाख रुपए इन्वेस्ट करने वालों को 21 महीने तक 18 हजार रुपए देता था, इसके अलावा तहसीन अपनी इस स्कीम के जरिए आधी क़ीमत पर शोरूम से नई मोटरसाईकल, नई ऑटो और कार तक दिला देता था, शुरुआती दौर मे तो तहसीन ने ग्राहकों का विश्वास जितने के लिये करीब दो वर्ष तक सबकुछ ठीक -ठाक चलाया, जिसके बाद वह अचानक से अपने ग्राहकों को उनके द्वारा उसके स्कीम मे लगाए गए पैसों का रिटर्न देना बंद कर दिया, जिसके बाद से तहसीन के घर पर मासा अल्लाह स्कीम के जरिए ठगी के शिकार हुए, ग्राहकों की लम्बी कतारें लगनी शुरू हो गई, इस आस मे की वह अपनी जमा पूंजी वापस पा सकें, यहाँ तक की इन्वेस्टरों ने तहसीन के घर के बाहर अपने इन्वेस्ट किए गए पैसे वापस पाने के लिए हो हंगामा भी किया, जिसके बाद तहसीन ने अपने सोसल अकाउंट के जरिए वीडियो मैसेज छोड़कर ग्राहकों से माफ़ी मांगी और उनके पैसे वापस लौटाने का वादा भी किया, जिसके लिये उसने अपने ग्राहकों से कुछ समय भी मांगे, पर वह हर बार अपने दिए हुए समय पर फेल हो गया, जिस कारन ग्राहकों का गुस्सा भी सातवें आसमान पर चढ़ गया और वह उग्र होकर उसके घर पर जाकर और भी हो हंगामा करने लगे, तहसीन के पिता राज्य के सत्ताधारी पार्टी तृणमूल के अल्पसंख्यक संघ के राज्य स्तरीय नेता हैं, जिस कारन उनकी तृणमूल के बड़े -बड़े नेताओं और मंत्रियो के बिच अच्छी खासी पहचान भी है, उनको कई बार राज्य के क़ानून मंत्री मलय घटक के साथ भी मंच साझा करते हुए देखा गया है, यही कारन है की उनको सुरक्षा के दृश्टिकोण से उनके घर के सामने पुलिस बल की तैनाती कर दी गई, यह किसके आदेश पर हुआ क्यों हुआ किसी को नही पता, पर यह मामला जैसे ही प्रकाश मे आया और राज्य के विरोधी दल के नेता सुवेंधु अधिकारी ने मामले को लेकर अपने सोसल अकाउंट से ट्वीट किया, मामले की जाँच सिबिआई और ईडी से करवाने की मांग की ठीक उसके बाद तृणमूल के एक अल्पसंख्यक संघ के पश्चिम बर्धमान जिलाध्यक्ष महफूजुल हसन उर्फ़ मोनू ने एक संवाददाता सम्मलेन कर मिडिया के सामने यह साफ कह दिया की 350 करोड़ के चिटफंड घोटाले मे फंसे तहसीन अहमद के पिता सकिल अहमद का तृणमूल के साथ दूर -दूर तक कोई रिश्ता नही है, तृणमूल ने उनको तभी दल से बाहर कर दिया, जब पार्टी को खबर मिली की उनका बेटा तहसीन अहमद तीन हजार लोगों से करीब 350 करोड़ की ठगी कर चूका है, तृणमूल के अल्पसंख्यक संघ के नेता के बयान के बाद कांग्रेस के अल्पसंख्यक संघ के नेता और एआईएमआईएम नेता ने भी मामले मे संवाददाता सम्मलेन किया और मामले को गंभीरता से जाँच करवाने की बात कही, साथ मे उन्होंने यह भी आरोपी लगाया की इस मामले मे सिर्फ तहसीन ही नही बल्कि और भी कई लोग शामिल हैं, जिनका नाम सामने आना बाकी है, जिसमे तृणमूल के कई नेता भी हैं, यहाँ तक की उन्होंने राज्य के क़ानून मंत्री मलय घटक पर भी मामले को लेकर निशाना साधा और आरोपी और उसके पिता का सम्पर्क उनके साथ होने का दावा किया, वहीं इस मामले मे आसनसोल नॉर्थ थाना के बड़तल्ला इलाके की रहने वाली मौटुसी दत्ता ने आसनसोल नॉर्थ थाने मे एक लिखित शिकायत भी दर्ज करवाई है, जिस शिकायत मे उन्होंने तहसीन अहमद के ऊपर करीब 20 लाख रुपए ठगी करने का आरोप लगाया है, वहीं मौके पर मौजूद एक रबिन्द्र सिंह नामक एक बीएसएफ के रिटायर्ड अधिकारी ने बताया की उन्होंने लोगों की बातों में आकर पहले तीन लाख रुपए लगाए थे, जब उन्होंने देखा कि रिटर्न अच्छा मिल रहा है तो उन्होंने और ज्यादा पैसे लगाए ऐसा करते-करते उन्होंने करीब 41 लाख रुपए निवेश कर दिए,
लेकिन अब उनको पैसा मिलना बंद हो गया है, जब भी वह तहसीन अहमद से पैसे की बात करते हैं तो वह बहाने बाजी करते हैं, उन्होंने कहा कि उनको देखकर कई लोगों ने डेढ़ करोड़ से ऊपर पैसा लगाया उनका पैसा भी डूब गया है,










