मुस्किलों से डरने या घबरा जाने वाला व्यक्ति कभी कामयाव नहीं होता : उत्तम कृष्ण शास्त्री

चिरकुंडा। मैथन बनमेढ़ा डॉक्टर्स कालोनी स्थित शिव शक्ति मंदिर में शिव, दुर्गा, हनुमंत जी की प्राण प्रतिष्ठा सह रुद्र चंडी महायज्ञ पर आयोजित संगीतमय श्री मद्भागवत कथा में कथा व्यास परम पूज्य उत्तम कृष्ण शास्त्री (वृंदावन) ने भगवान गिरिराज की कथा सुनाई। धूमधाम से नंदोत्सव मनाया गया। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति कोशिका करता है, वह कुछ न कुछ जरुर हासिल कर लेता हैं। लेकिन कुछ लोग ऐसे भी होते हैं जो लोग डूबने या असफल होने के भय से जिंदगी भर नाकामयाव हो जाते हैं। जैसे सागर में डूबने का भय रखने वाला उसमें उतरने की सोचता ही नहीं और किनारे ही बैठा रह जाता है। उसी प्रकार जीवन में मुस्किलों से डरने या घबरा जाने वाला व्यक्ति कभी कामयाव नहीं होता है। इसी क्रम में नंदोत्सव बड़े ही धूमधाम से मनाया गया। भगवान की बाल लीलाओं के साथ माखन चोरी लीला भी झांकियां प्रस्तुत किया गया। इस दौरान अधासुर, बकासुर, पूतना, तृणवर्त सहित गिरिराज की कथा सुनाई। सभी भक्तों ने गिरिराज का पूजन और परिक्रमा करके अपना जीवन धन्य किया। इधर शिव, दुर्गा, हनुमंत के प्रतिमाओं का प्राण प्रतिष्ठा हुआ। वैदिक मंत्रोउच्चारण से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया। पूरे धार्मिक अनुष्ठान परम पूज्य अनुरागी जी महाराज के देखरेख में चल रही है। मौके पर मुख्य यजमान सुदेश कुमार सिंह, संतोष कुमार सिंह, मुन्ना सिंह, सुरेश राजू ,नरेश जाजू, सचिन सिंह, दिनेश तांती, अरुप मुखर्जी, रंजीत महतो, मुकेश मोदी, अखिलेश्वर सिंह, रुपा सिंह, ममता जाजू, किरण सिंह, नंदिनी सिंह, सुदेशना सिंह आदि थे।










