विषय: न्याय व्यवस्था पर हमला, फर्जी मतदाता मुद्दा एवं प्रशासनिक अराजकता—मालदा घटना पर भाजपा का कड़ा संदेश
तारीख: 4 अप्रैल, 2026
स्थान: आसनसोल
पश्चिम बंगाल के मालदा में हाल ही में घटित घटनाक्रम केवल एक सामान्य कानून-व्यवस्था की विफलता नहीं है, बल्कि यह स्वतंत्र भारत की न्याय व्यवस्था, संविधान और लोकतांत्रिक ढांचे पर एक सुनियोजित और संगठित हमला है। सात न्यायिक अधिकारियों—जिनमें तीन महिला न्यायाधीश भी शामिल हैं—को लगभग 15 घंटे तक बंधक बनाकर रखना अत्यंत चिंताजनक और अभूतपूर्व घटना है।
इस दौरान बाहर व्यापक हिंसा, पत्थरबाजी, आगजनी तथा राष्ट्रीय राजमार्ग 12 को अवरुद्ध किए जाने से आम जनता को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। आपातकालीन सेवाएं बाधित हुईं और उत्तर एवं दक्षिण बंगाल के बीच संपर्क लगभग ठप हो गया। यह स्थिति राज्य की प्रशासनिक विफलता का स्पष्ट प्रमाण है।
भारतीय जनता पार्टी का मानना है कि इस अराजकता के पीछे सत्तारूढ़ दल का प्रत्यक्ष समर्थन एवं प्रोत्साहन है। चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूची के शुद्धिकरण की प्रक्रिया शुरू होते ही एक विशेष वोट बैंक को बचाने के उद्देश्य से पूरे राज्य में अस्थिरता फैलाने का प्रयास किया जा रहा है।
इस संदर्भ में आज भाजपा के आसनसोल जिला अध्यक्ष श्री देवतनु भट्टाचार्य ने कहा,
“मालदा की यह घटना पश्चिम बंगाल में चरमराई हुई कानून-व्यवस्था का ज्वलंत उदाहरण है। जब न्यायाधीश ही सुरक्षित नहीं हैं, तो आम जनता की सुरक्षा की कल्पना भी नहीं की जा सकती। राज्य में सुनियोजित तरीके से अराजकता फैलाकर लोकतंत्र को भयभीत करने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन बंगाल की जनता इसका जवाब मतदान के माध्यम से देगी।”
उन्होंने आगे कहा,
“मीडिया पर हमला और महिला न्यायाधीशों को बंधक बनाना यह दर्शाता है कि राज्य में कानून का शासन समाप्त हो चुका है। जो लोग सत्य को दबाने का प्रयास करते हैं, वे लोकतंत्र में विश्वास नहीं रखते।”
उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व वर्ष 2019 में सीएए विरोधी हिंसा तथा 2014 में संदेशखाली में केंद्रीय एजेंसियों पर हमले जैसी घटनाएं भी सामने आई थीं। भाजपा के अनुसार, मालदा की यह घटना उसी श्रृंखला का हिस्सा है।
भारतीय जनता पार्टी ने स्पष्ट किया है कि पश्चिम बंगाल को अराजकता और हिंसा के केंद्र में बदलने के किसी भी प्रयास को सफल नहीं होने दिया जाएगा। लोकतंत्र और संविधान की गरिमा की रक्षा के लिए पार्टी सदैव अग्रणी भूमिका निभाती रहेगी।
अंत में श्री देवत्नु भट्टाचार्य ने कहा,
“पश्चिम बंगाल की जनता अब जागरूक हो चुकी है। फर्जी मतदाताओं और तुष्टिकरण की राजनीति अधिक समय तक नहीं चल सकती। जनता इसका करारा जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।










