बाराचक रेलवे साइडिंग पर मिस्टर का कब्जा; राहुल इंटरप्राइज की मशीनें हटीं, 2500 मजदूर बेरोजगार
कुल्टी: तीन दिन से लगातार सुर्खियों में रहे बाराचक रेलवे साइडिंग पर अब आसनसोल रेल पार के माफिया मिस्टर का कब्जा हो गया है। मिस्टर की ‘सेवा ट्रांसपोर्ट कंपनी’ ने साइडिंग पर कोयला व खनिज की लोडिंग-अनलोडिंग और ट्रांसपोर्टिंग का काम पूरी तरह शुरू कर दिया है। इसके साथ ही रैक खाली होने लगे हैं और माल कारखानों तक पहुंचाया जा रहा है।दूसरी ओर, पूर्व पार्षद रोहित नोनिया की कंपनी ‘राहुल इंटरप्राइज’ की पोकलेन, जेसीबी और डंपर जैसी भारी मशीनों को साइडिंग के किनारे खड़ा कर दिया गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस मिस्टर को साइडिंग का पूरा कब्जा दिलाने में अत्यधिक सक्रिय भूमिका निभा रही है। पुलिस और माफिया के खौफ से रोहित नोनिया के इलाके के पुरुष भूमिगत हो गए हैं। पुरुषों की अनुपस्थिति में महिलाओं ने मोर्चा संभालते हुए आसनसोल साउथ पुलिस फाड़ी और कोर्ट परिसर में जमकर प्रदर्शन किया। इस हंगामे के बीच पुलिस ने प्री-प्राइमरी शिक्षक जितेंद्र प्रसाद की पिटाई कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।रोजगार का संकट और पुलिसिया कार्रवाईराहुल इंटरप्राइज से जुड़े करीब 2500 स्थानीय मजदूर इस फेरबदल के कारण अचानक बेरोजगार हो गए हैं। स्थानीय निवासी अनीता बाउरी ने बताया कि मंगलवार को जब मजदूर अपना हक मांगने साइडिंग पर पहुंचे, तो पुलिस ने उन्हें बर्बरतापूर्वक खदेड़ दिया। महिला पुलिस कर्मियों ने भी प्रदर्शनकारी महिलाओं को डरा-धमकाकर वहां से हटा दिया।बदलते राजनीतिक समीकरणों का खेलस्थानीय सूत्रों का कहना है कि राज्य में सरकार बदलते ही इस मालदार साइडिंग पर विरोधियों की नजर टिकी हुई थी। तृणमूल शासन के दौरान मिस्टर ने कई बार इस साइडिंग पर कब्जा करने की कोशिश की थी, लेकिन तब उसे कामयाबी नहीं मिली। भाजपा के सत्ता में आते ही मिस्टर अपनी योजना में सफल हो गया।उल्लेखनीय है कि पहले भी रोहित नोनिया और मिस्टर के बीच इस साइडिंग को लेकर खूनी विवाद हुआ था, जिसमें गोलियां भी चली थीं। बाद में रेनु होटल में हुई एक गुप्त डील के बाद राहुल इंटरप्राइज को काम करने का मौका मिला था।साजिश के तहत एंट्री का आरोपसाल 2025 में रोहित नोनिया पर एक आपराधिक केस दर्ज होने के बाद से ही वह भूमिगत चल रहे थे। उन्होंने 2026 के चुनावों से भी दूरी बना रखी थी। हाल ही में एक भाजपा समर्थक के साथ मारपीट के मामले में रोहित की टीम को उलझा दिया गया, जिसके बाद पुलिस की मदद से मिस्टर की साइडिंग पर एंट्री करा दी गई। फिलहाल नोनिया टीम अदालती जमानत लेने और सत्ता पक्ष के बड़े नेताओं से संपर्क साधने में जुटी है। अब देखना यह है कि रोहित नोनिया फिर से अपना पुराना मुकाम हासिल कर पाते हैं या बाराचक साइडिंग पर मिस्टर का एकछत्र राज कायम रहता है।










