लच्छीपुर लूटकांड: खाकी का बढ़ता शिकंजा, बाबर-रोशन के बाद अब ‘गोलू’ भी दबोचा गया
नियामतपुर पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई से अपराधियों में हड़कंप; आसनसोल अदालत में किया गया पेश, रिमांड की तैयारी
कुल्टी: लच्छीपुर दिशा रेड लाइट इलाके में राहगीरों और ग्राहकों को बंधक बनाकर लूटपाट करने वाले शातिर गिरोह पर नियामतपुर फांड़ी पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए इस सनसनीखेज मामले में एक और बड़ी कामयाबी हासिल की है। गिरोह के एक और सक्रिय सदस्य अभय गुप्ता उर्फ गोलू को पुलिस ने धर दबोचा है। बुधवार को आरोपी गोलू को आसनसोल अदालत में पेश किया गया, जहाँ पुलिस ने उससे कड़ाई से पूछताछ के लिए अपनी हिरासत में लेने की अपील की है। इस मामले में पुलिस अब तक तीन मुख्य आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज चुकी है। कड़ियों से कड़ियां जोड़कर गोलू तक पहुंची पुलिसपुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस पूरे रैकेट का पर्दाफाश बेहद सुनियोजित तरीके से किया जा रहा है। मामले की परतें कुछ इस तरह खुलीं:पहली गिरफ्तारी: पुलिस ने सबसे पहले मुख्य संदिग्ध बाबर खान को दबोचा था।रोशन का पर्दाफाश: बाबर से पुलिस रिमांड में हुई कड़ाई से पूछताछ के बाद रोशन खान का नाम सामने आया, जिसे तुरंत गिरफ्तार किया गया।तीसरी बड़ी कामयाबी: रोशन को रिमांड पर लेकर जब पुलिस ने राज उगलवाए, तो इस काले धंधे में अभय गुप्ता उर्फ गोलू का नाम उजागर हुआ। पुलिस ने बिना वक्त गंवाए गोलू को भी दबोच लिया।
इनसेट बॉक्स: फिल्मी अंदाज में वारदात
यह पूरा मामला बेहद दुस्साहसिक है। लच्छीपुर दिशा इलाके में
चार लोगों का रास्ता रोककर आरोपियों ने उन्हें आतंकित कर
दिया। बदमाशों ने पीड़ितों से ₹10,000 नकद लूटे और डरा-
धमकाकर ₹20,000 ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए। इतने से भी जब
मन नहीं भरा, और पीड़ित शिकायत करने नियामतपुर पुलिस फांड़ी
की तरफ भागने लगे, तो आरोपियों ने फिल्मी स्टाइल में पीछा कर
उनकी स्कॉर्पियो गाड़ी की चाबी भी छीन ली और फरार हो गए।रडार पर बड़ा सिंडिकेट, कई और चेहरे बेनकाब होने की उम्मीदघटना की लिखित शिकायत मिलते ही नियामतपुर फांड़ी की पुलिस पूरी तरह रेस हो गई थी। लगातार हो रही इन गिरफ्तारियों से इलाके के अपराधियों में हड़कंप मचा हुआ है। जांच अधिकारी अब इस बात की तफ्तीश में जुटे हैं कि:इस संगठित लूटकांड में और कौन-कौन से चेहरे शामिल हैं?वारदात के वक्त किस आरोपी की क्या भूमिका थी?क्या इस पूरे खेल के पीछे कोई बड़ा अंतरराज्यीय गिरोह या सफेदपोश हाथ है?अंतिम रिपोर्ट मिलने तक: पुलिस अधिकारियों का दावा है कि गोलू से रिमांड के दौरान होने वाली पूछताछ में कई और चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं, जिससे इस इलाके में सक्रिय पूरे सिंडिकेट का खात्मा किया जा सके।










