बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही: स्ट्रीट पोल के करंट से दो भैंसों की दर्दनाक मौत, एक घायल!
आक्रोश: पानी टंकी के पास पोल से रिस रहा था करंट, सड़क पर जमा पानी बना ‘यमदूत’
खतरा: बैगुनिया दुर्गा मंदिर के पास पेड़ के सहारे लटका है पोल, बड़े हादसे का इंतजार
बराकर।बराकर-बैगुनिया डिसेरगढ़ रोड स्थित पानी टंकी के पास सोमवार की संध्या बिजली विभाग की घोर लापरवाही के कारण एक बड़ा हादसा हो गया। यहां सड़क किनारे पोल से उतरे करंट की चपेट में आने से दास पाड़ा निवासी एक गोरु व्यवसायी की दो भैंसों की तड़प-तड़प कर दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे में एक व्यक्ति भी घायल हुआ है, जिसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया है। घटना के बाद से स्थानीय निवासियों में बिजली विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है।
पानी में दौड़ रहा था करंट, बेजुबानों को निगला
मिली जानकारी के अनुसार, बराकर दास पाड़ा निवासी गोरु व्यवसायी राजनाथ की भैंसें रोजाना की तरह सोमवार को भी डिसेरगढ़ रोड की ओर चारा चरने गई थीं। शाम को वापस लौटने के दौरान सड़क पर सामने से एक गाड़ी आ गई। गाड़ी से बचने के लिए भैंसें जैसे ही सड़क किनारे पानी टंकी के पास गईं, वहां स्ट्रीट पोल के नीचे जमे पानी में पैर रखते ही उन्हें करंट लग गया। करंट इतना जोरदार था कि दोनों भैंसों की मौके पर ही मौत हो गई।
शिकायत के बाद भी सोता रहा विभाग
स्थानीय लोगों का गंभीर आरोप है कि इस पोल में लंबे समय से करंट लीकेज हो रहा था, जिससे पोल के साथ-साथ नीचे सड़क पर जमे पानी में भी करंट दौड़ रहा था। इसकी शिकायत पहले भी की गई थी, लेकिन बिजली विभाग ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। विभाग की इसी सुस्ती और लापरवाही का खामियाजा बेजुबान जानवरों को अपनी जान देकर भुगतना पड़ा। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए और विभाग के खिलाफ नारेबाजी की।
एक और बड़ा खतरा: पेड़ के सहारे लटका है बिजली का पोल
ग्रामीणों ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए एक और बड़े खतरे की ओर ध्यान आकर्षित कराया है। स्थानीय लोगों ने बताया कि बैगुनिया दुर्गा मंदिर के आगे सड़क पर बने डस्टबिन के पास एक अन्य बिजली का पोल पूरी तरह क्षतिग्रस्त होकर अधर में लटका हुआ है। वह पोल केवल एक पेड़ के सहारे टिका हुआ है, जो कभी भी गिरकर किसी बड़ी मानवीय त्रासदी का कारण बन सकता है। इस मामले की शिकायत पर भी विभाग कुंभकर्णी नींद सोया हुआ है।
कार्रवाई और जांच की उठी मांग
गुस्साए स्थानीय लोगों ने बिजली विभाग की इस जानलेवा लापरवाही पर सख्त नाराजगी जताई है। ग्रामीणों ने मांग की है कि पीड़ित पशुपालक को तुरंत उचित मुआवजा दिया जाए, दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई हो और पूरे क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था की तत्काल जांच कर जर्जर पोल व तारों को ठीक किया जाए ताकि भविष्य में कोई इंसानी जान न जाए।










