भीम आर्मी का बड़ा एलान: 7 दिन में दलित-अल्पसंख्यकों पर अत्याचार न रुके, तो पूरे राज्य में होगा चक्का जाम
आसनसोल;जिला मुख्यालय (पश्चिम बर्दवान)पश्चिम बर्दवान जिले में अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST), ईसाई और मुस्लिम अल्पसंख्यकों पर बढ़ते कथित अत्याचारों के खिलाफ आज भीम आर्मी ने जिला शासक (डीएम) कार्यालय का जोरदार घेराव किया। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे भीम आर्मी के प्रदेश अध्यक्ष सुशील रुइदास ने जिला प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर अगले सात दिनों के भीतर इन अत्याचारों पर पूरी तरह रोक नहीं लगी, तो संगठन पूरे जिले सहित बड़े पैमाने पर उग्र आंदोलन को बाध्य होगा।पहले भी दी थी चेतावनी, नहीं चेता प्रशासन: सुशील रुइदासघेराव के दौरान उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष सुशील रुइदास ने कहा, “हमने पहले भी जिला शासक को ज्ञापन सौंपकर जिले में दलितों और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की थी। इसके बावजूद जमीन पर हालात नहीं बदले और अत्याचार लगातार जारी हैं। प्रशासन की इसी निष्क्रियता के खिलाफ आज हमें दोबारा सड़कों पर उतरना पड़ा है।” प्रदर्शनकारियों ने जिला शासक को पुनः एक लिखित मांग पत्र सौंपकर त्वरित कार्रवाई की मांग की।पांडवेश्वर और उखड़ा थाना प्रभारियों पर गंभीर आरोपभीम आर्मी ने स्थानीय पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। सुशील रुइदास ने सीधे तौर पर पांडवेश्वर और उखड़ा (उकरा) थाने के प्रभारियों (IC) का जिक्र करते हुए कहा कि ये अधिकारी संवैधानिक मर्यादाओं का उल्लंघन कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि संविधान ने अल्पसंख्यक और वंचित समाज को जो सुरक्षा और अधिकार दिए हैं, उनकी रक्षा करने में ये थाना प्रभारी पूरी तरह विफल साबित हो रहे हैं।प्रशासन को 7 दिन का अल्टीमेटमघेराव कार्यक्रम के अंत में भीम आर्मी ने प्रशासन को साफ शब्दों में अल्टीमेटम दिया। संगठन ने कहा कि यह उनकी आखिरी लिखित चेतावनी है। यदि आगामी सात दिनों के भीतर पीड़ितों को न्याय नहीं मिला और दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो भीम आर्मी पश्चिम बर्दवान में एक ऐसा ऐतिहासिक और व्यापक विरोध प्रदर्शन करेगी जिसकी पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी। इस घेराव के कारण काफी समय तक प्रशासनिक भवन के बाहर गहमा-गहमी का माहौल बना रहा।










